शेयर बाजार की खराब शुरुआत, खुलते ही 250 अंक से ज्यादा फिसला सेंसेक्स; निफ्टी भी लाल

मुंबई
शेयर बाजार में सोमवार को खराब शुरुआत हुई. ट्रेडिंग ओपन होने के साथ ही मार्केट के दोनों इंडेक्स गिरावट के साथ रेड जोन में कारोबार करते हुए नजर आए. जहां एक ओर बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज का 30 शेयरों वाला सेंसेक्स इंडेक्स खुलने के साथ ही 250 अंक से ज्यादा फिसल गया, तो वहीं नेशनल स्टॉक एक्सचेंज ने भी हफ्ते के पहले कारोबारी दिन गिरावट के साथ शुरुआत की. इस बीच टेक कंपनियों के शेयर ताश के पत्तों की तरह बिखरे हुए नजर आए. आइए जानते हैं बाजार में इस गिरावट के पीछे के बड़े कारण क्या हैं।
Sensex-Nifty खुलते ही धड़ाम
शेयर मार्केट में कारोबार की शुरुआत पर नजर डालें, तो बीएसई का सेंसेक्स अपने पिछले बंद 76,515 की तुलना में गिरावट के साथ 76,446 पर खुला और अगले ही पल फिसलते हुए 264 अंक टूटकर 76,251 पर आ गया. कुछ ऐसा ही हाल एनएसई के निफ्टी इंडेक्स का देखने को मिला. पिछले शुक्रवार के अपने बंद 23,897 की तुलना में ये मामूली गिरावट के साथ 23,883 पर खुला और फिर सेंसेक्स के कदम से कदम मिलाकर चलते हुए 23,818 तक टूट गया।
IT शेयर खुलते ही बिखरे
स्टॉक मार्केट में कारोबार की शुरुआत होते ही लगभग 1519 शेयरों ने बढ़त के साथ शुरुआत की, तो वहीं 1224 शेयर ऐसे थे, जो गिरावट के साथ रेड जोन में खुले, इसके अलावा 261 शेयरों की फ्लैट ओपनिंग हुई. सप्ताह के पहले दिन आई इस गिरावट के बीच आईटी कंपनियों के शेयर क्रैश नजर आए और इनमें बड़ी गिरावट देखने को मिली।
बीएसई की लार्जकैप कंपनियों में शामिल Infosys Share (2.60%), Tech Mahindra Share (1.75%), HCL Tech Share (1.60%), TCS (1%) की गिरावट में कारोबार करते हुए नजर आए. इसके अलावा मिडकैप कैटेगरी में देखें, तो Bharat Forge Share (1.90%), Mphasis Share (1.75%), Persistent Share (1.70%), Godrej Properties Share (1.40%) की गिरावट लेकर कारोबार कर रहे थे।
बाजार टूटने के चार बड़े कारण
पहला कारण: शेयर बाजार में आई इस गिरावट के पीछे के बड़े कारणों की बात करें, तो इनमें सबसे पहला अंतरराष्ट्रीय मार्केट में कच्चे तेल की कीमतों में मची उथल-पुथल को माना जा सकता है. Brent Crude का दाम तेज उछाल के साथ 97 डॉलर प्रति बैरल के पार ट्रेड कर रहा था, जिससे दुनिया में महंगाई का जोखिम बढ़ा है और शेयर बाजार निवेशकों का सेंटीमेंट खराब हुआ है।
दूसरा कारण: अमेरिका-ईरान के बीच टेंशन जारी है, जो कम होने का नाम नहीं ले रही है. ताजा अपडेट की बात करें, तो अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की ओर से अब ईरान को लेकर सोशल मीडिया पर एक साथ कई पोस्ट शेयर की गई हैं, जिनमें उन्होंने ईरान की अर्थव्यवस्था, तेल और करेंसी को निशाना बनाया है. एक पोस्ट में तेहरान के नक्शे पर ट्रंप की तस्वीर भी लगाई गई, तो वहीं एक पोस्ट में दावा किया गया कि ईरान का तेल निर्यात तेजी से गिर रहा है. इससे मिडिल ईस्ट टेंशन बढ़ती नजर आ रही है।
तीसरा कारण: बाजार बिखरने का तीसरा कारण विदेशी बाजारों का मिलाजुला रुख रहा. दरअसल, एक ओर जहां जापान और साउथ कोरिया के शेयर बाजार सोमवार को बढ़त के साथ कारोबार करते हुए नजर आए. तो वहीं अन्य एशियाई स्टॉक मार्केट में हांगकांग का हैंगसेंग, ब्रिटेन के एफटीएसई-100, CAC, DAX गिरावट के साथ कारोबार करते दिखे. यही नहीं भारतीय शेयर बाजार के लिए प्रमुख संकेतक माना जाने वाला Gift Nifty ओपनिंग के साथ ही फिसलकर कारोबार कर रहा था और खबर लिखे जाने तक करीब 90 अंक टूट गया था।
चौथा कारण: Share Market में गिरावट में सोमवार को सबसे बड़ा रोल आईटी स्टॉक्स निभाते हुए नजर आए. दरअसल, इंफोसिस, एचसीएल, टीसीएस, टेक महिंद्रा समेत तमाम IT Stock खुलने के साथ ही तेजी से फिसलते चले गए. निफ्टी आईटी इंडेक्स करीब 1 फीसदी टूटा हुआ नजर आया और इसका असर शेयर बाजार पर देखने को मिला।



