राष्‍ट्रीय

रांची के तीन डैमों से अतिक्रमण हटाने पर हाईकोर्ट ने रिपोर्ट मांगी

 रांची
 हाई कोर्ट के चीफ जस्टिस एमएस सोनक और जस्टिस राजेश शंकर की अदालत में रांची के तीन प्रमुख जलस्रोत धुर्वा, कांके और गेतलसूद डैम की जमीन पर अतिक्रमण के खिलाफ दाखिल जनहित याचिका पर गुरुवार को सुनवाई हुई।

सुनवाई के दौरान जलस्रोतों से अतिक्रमण हटाने से संबंधित रिपोर्ट राज्य सरकार की ओर से अदालत में दाखिल की गई। अदालत ने सरकार को रिपोर्ट की प्रति एमिकस क्यूरी (न्याय मित्र) को उपलब्ध कराने का निर्देश दिया।

साथ ही, न्याय मित्र को रांची डीसी की रिपोर्ट का अध्ययन कर अपना प्रति उत्तर दाखिल करने को कहा है। मामले की अगली सुनवाई 17 सितंबर को होगी। इससे पहले हाई कोर्ट ने रांची के उपायुक्त को विस्तृत शपथपत्र दाखिल करने का निर्देश दिया था।

कोर्ट ने तीनों डैम परियोजनाओं के लिए अधिग्रहित जमीन का सटीक विवरण और नक्शा मांगा था। इसके साथ ही अधिग्रहित जमीन पर हुए अतिक्रमण का सर्वे नंबर सहित पूरा ब्योरा और अतिक्रमण हटाने के लिए अब तक उठाए गए कदमों की जानकारी देने को कहा था।

पूर्व की सुनवाई में कोर्ट को बताया गया था कि धुर्वा, कांके और गेतलसूद डैम तथा उनसे जुड़े जलाशयों की जमीन पर अतिक्रमण से संबंधित आवश्यक दस्तावेज तैयार किए जा रहे हैं। इसके बाद रांची डीसी की रिपोर्ट कोर्ट में दाखिल करने की बात कही गई थी।

मामले में धुर्वा डैम परियोजना की जमीन पर अतिक्रमण का मुद्दा भी कोर्ट के समक्ष आ चुका है। एंटी करप्शन ब्यूरो (एसीबी) ने इससे संबंधित प्राथमिकी की जांच की सीलबंद रिपोर्ट कोर्ट में पेश की थी।

एसीबी की ओर से अदालत को बताया था कि हाई कोर्ट के सात जनवरी के आदेश के बाद नगड़ी थाना में प्राथमिकी दर्ज की गई है। इस मामले की जांच अभी जारी है।

 

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button