राष्‍ट्रीय

झारखंड कैबिनेट में बड़ा प्रस्ताव: लोक भवन के पद 153 से बढ़कर 193 करने की तैयारी

रांची.

झारखंड में राज्यपाल सचिवालय एवं उनके आवासीय कार्यालय के स्वरूप में बदलाव की तैयारी चल रही है।
तैयारियों के अनुसार लोकभवन में वर्तमान में सृजित कई पदों की उपयोगिता अब नहीं रह गई है और इसी कारण से इन पदों को प्रत्यर्पित करने का निर्णय लिया गया है।

इसके अतिरिक्त नए प्रकार के कार्यों के लिए नए पद भी सृजित करने की तैयारी है। लोकभवन से इस संदर्भ में एक प्रस्ताव मंत्रिमंडल सचिवालय विभाग पहुंचा हैं और माना जा रहा है कि कैबिनेट की अगली बैठक में इस पर कोई निर्णय लिया जा सकता है। लोकभवन की ओर से भेजे गए प्रस्ताव के अनुसार राज्यपाल सचिवालय में बढ़े हुए कार्यों को देखते हुए कर्मियों को बढ़ाने का प्रस्ताव दिया गया है। यहां पूर्व की तुलना में अधिक विधेयक पारित होने के कारण कर्मियों की कमी महसूस की जा रही है। वर्ष 2001 में प्रति वर्ष 5-6 विधेयक ही पारित होते थे लेकिन, अब इनकी संख्या पांच से छह गुना तक बढ़ी है।

इसी तरह से राज्य के सरकारी और निजी विश्वविद्यालयों से संबंधित कार्य बढ़ने से कर्मियों की कमी महसूस की जा रही है। बताया गया है कि 2001 में विश्वविद्यालयों की संख्या महज छह थी। जनशिकायत, विवेकाधीन अनुदान आदि से संबंधित मामले भी लोकभवन में बढ़े हैं। इसके अलावा दुमका कार्यालय और मदरा मुंडा राजकीय अतिथिशाला के संचालन को लेकर भी कर्मियों की संख्या बढ़ाने की आवश्यकता है।

नए पदों की स्वीकृति से 74 लाख का बढ़ेगा व्यय
झारखंड में लोकभवन और इससे जुड़े सचिवालय में पूर्व से स्वीकृत पदों की संख्या 153 है। इनमें से 82 पदों को प्रत्यर्पित करने की तैयारी कर ली गई है। इनकी जगह पर 122 नए पद स्वीकृत किए जाएंगे। इस प्रकार कर्मियों की संख्या में 40 की बढ़ोतरी होगी। यही कारण है कि अब लोकभवन और इससे जुड़े सचिवालय में कुल पदों की संख्या बढ़कर 193 हो जाएगी। पदों की संख्या बढ़ने से लोकभवन में इस मद में निर्धारित खर्च की राशि में भी बड़ा अंतर देखने काे मिलेगा। कैबिनेट तक पहुंचे प्रस्ताव के अनुसार वर्तमान में इन पदों के एवज में राज्य सरकार 2.55 करोड़ रुपये प्रति वर्ष व्यय करती है और वर्तमान में हुए बदलाव के बाद राज्य सरकार को वेतन मद में 3.29 करोड़ रुपये व्यय करने होंगे। इस प्रकार राज्य सरकार पर 74.19 लाख रुपये का अतिरिक्त बोझ आएगा। इसको लेकर लोकभवन सचिवालय की ओर से जारी प्रस्ताव पर मंगलवार को कैबिनेट की बैठक में चर्चा होगी।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button